Saturday, October 26, 2013

प्रचंड नाग
कट्टर ब्राह्मणों को समस्या थी कि एक बनिया वर्णधर्म का प्रवक्ता बना जा रहा है । यह पवित्र वर्णधर्म के सर्वथा खिलाफ है । इससे तो हर ऐरा गैरा वर्णधर्म की व्याख्या अपनी मर्जी से करने लगेगा और उनके पूर्वजों का धर्मभ्रष्ट हो जाएगा । धर्म को ग्लानि आ जाएगी । धर्म पर संकट है और उसको बचाना प्रथम कर्तव्य है । उनकी दूसरी समस्या थी कि गांधी के हस्पक्षेप के कारण नेहरू के माइल्ड ही सही लेकिन ब्राह्मण राज पर भविष्य में खतरा आ सकता है । शूद्र वल्लभभाई पटेल की समस्या थी कि प्रधानमंत्री पद के लिए सभी मुख्यमंत्रियों के समर्थन के बावजूद गांधीजी ने जवाहरलाल नेहरू को प्रधानमंत्री बना दिया है ।गृहमंत्री होने के कारण हत्या की गुप्त चेतावनी के बावजूद उन्होने गांधीजी की सुरक्षा पर जरा भी ध्यान नहीं दिया । पंडित नाथुराम गोडसे का कहना एकदम झूठ है कि उसने पाकिस्तान के कारण गांधीजी की हत्या की । अगर ऐसा था तो संघ पहले भी 3 बार गांधीजी की हत्या का प्रयास कर चुका था जब पाकिस्तान का नामों निशान भी नहीं था ।नाथुराम गोडसे ने षड्यंत्र के तहत ही मुस्लिम टोपी पहना और बाकायदा खतना करवाया था । वल्लभभाई पटेल भी स्वयं जातिवादी था जिसने अंग्रेजों द्वारा प्रतिनिधित्व के लिए सभी के प्रतिनिधियों को बुलाये जाने पर सार्वजनिक रूप से बयान दिया था कि हद है अंग्रेजों ने चर्चा के लिए घांचियों तक को बुलाया । ये तीनों कैरेक्टर घोर जातिवादी थे । शूद्र वल्लभभाई पटेल स्वयं को क्षत्रिय समझता था और दूसरी अछूत तो छोड़िए अन्य ओबीसी जातियों तक का घोर विरोधी था । और शूद्र होने के कारण गांधीजी ने वल्लभभाई पटेल के रास्ते में कांटे बोये । वैश्य के प्रभाव को रोकने के लिए ब्राह्मणों ने गांधीजी की हत्या की । कहना न होगा कि भारत में अगर कोई सनातन सत्य है तो वह है केवल जाति । इससे जो शूद्र नकार रहा है वह स्वयं को धोखा दे रहा है । और जो बनिया इसको नकार रहा है वह शूद्रों को धोखा दे रहा है और जो ब्राह्मण नकार रहा है वह सबको धोखा दे रहा है । कांग्रेस का निर्माण पेशवाराज अर्थात ब्राह्मणराज वापस लाने के लिए 3 मराठी और 3 बंगाली ब्राह्मणों ने किया था तो आरएसएस का निर्माण कट्टर ब्राह्मणों ने भविष्य में पेशवाराज कायम रखने के लिए किया हुआ है । हिन्दू-फ़िन्दु फालतू की बात है ।सभी तरह के ब्राह्मणों को शूद्रों की चिंता न पहले थी न आज है ।
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Sunday, October 20, 2013

Lakhvir Mall @ I wanna love you and treat you right I wanna love you every day and every night We'll be together with a roof right over our heads We'll share the shelter of my single bed We'll share the same room for Jah provide the bread Is this love - is this love - is this love Is this love that I'm feelin'? I wanna know - wanna know - wanna know now I got to know - got to know - got to know now I'm willing and able So I throw my cards on your table

Lakhvir Mall@

I wanna love you
and treat you right
I wanna love you
every day and every night
We'll be together with a roof right over our heads
We'll share the shelter of my single bed
We'll share the same room
for Jah provide the bread
Is this love - is this love - is this love
Is this love that I'm feelin'?
I wanna know - wanna know - wanna know now
I got to know - got to know - got to know now
I'm willing and able
So I throw my cards on your table

BSP@ जो लोग कहते है की बहन जी ने अपने समाज के लिए शिच्छा और रोजगार पर पैसे खर्च करना चाहिए, न की पत्थर की मूर्तियों पर, सवाल यह है की दलित बहुजन हजारों सालों से मेहनत मजदूरी करके जिन्दा है और आगे भी मेहनत के बल पर जिन्दा रहेगा आज नहीं तो कल अपने मेहनत के बल पर मुख्यधारा में आ ही जायेगा ...लेकिन बहन जी ने जो हमारे महापुरषों के स्मारक और मुर्तिया लगवा दिया वो तो हजारो सालों के लिए अमर हो गया i वो तो हमारी फिक्स सम्पति है i राजाओं ने जनता के धन से बहुत सारे पत्थरों के किले बनवाये I पुजारियों के लाभ के लिए बहुत सारे पत्थरों के बड़े बड़े मंदिर बनवाये I शाह जहाँ ने करोंड़ों रुपये का ताज महल अपनी पत्नी की शान / याद में बनबाया I पत्थरों की क़ुतुब मीनार बनबाई I लक्ष्मी बाई ने अपनी जान की हिफाजत में पत्थरों का किला बनबाया I बड़ी बड़ी पत्थरों की बहुत सारे गुरूद्वारे और मस्जिद तथा जैन मंदिर बनवाये I केदार नाथ ,बद्री नाथ , पूरी के करोड़ों के मंदिर बनवाये I आधा हिंदुस्तान मठ मनदिर और आश्रमों से पत्ता पड़ा है. हजारों मूर्तियाँ . स्टेचू ,गाँधी और नेहरु के बने खड़े हैं I मगर कभी भी बहुजनो के उदहार करता का फोटो , मंदिर या स्टेचू/ मूर्तियाँ बनाने का काम किसी भी फर्जी राष्ट्र चिन्तक ने नहीं किया ? बहुजनो के मसीहा को जन चेतना लेन के वास्ते उनकी अगर मूर्तियाँ बनवा दीं I तो गरीबी और बेरोजगारी के बहाने इतना हंगामा बरपा दिया I मानो बहन मायावती ने कोई बहुत महान काम न करके . बहुत ही बड़ा अक्षम्य पाप कर दिया हो ?.अगर महान पुरुषों के नाम पर इतनी आपत्ति है तो पत्थरों की देश में जितनी भी मूर्तियाँ मंदिर मकबरे गुरूद्वारे और सारे तथा -कतिथ महान पुरुषों की जितनी भी मूर्तियाँ हैं उन सबको तुड़वाकर सर्कार और समाचार माध्यम अपनी आत्मा को शांत कर लें? और सभी लोगों के साथ न्याय भी हो जाये

BSP@

जो लोग कहते है की बहन जी ने अपने समाज के लिए शिच्छा और रोजगार पर पैसे खर्च करना चाहिए, न की पत्थर की मूर्तियों पर, सवाल यह है की दलित बहुजन हजारों सालों से मेहनत मजदूरी करके जिन्दा है और आगे भी मेहनत के बल पर जिन्दा रहेगा आज नहीं तो कल अपने मेहनत के बल पर मुख्यधारा में आ ही जायेगा ...लेकिन बहन जी ने जो हमारे महापुरषों के स्मारक और मुर्तिया लगवा दिया वो तो हजारो सालों के लिए अमर हो गया i वो तो हमारी फिक्स सम्पति है i
राजाओं ने जनता के धन से बहुत सारे पत्थरों के किले बनवाये I पुजारियों के लाभ के लिए बहुत सारे पत्थरों के बड़े बड़े मंदिर बनवाये I शाह जहाँ ने करोंड़ों रुपये का ताज महल अपनी पत्नी की शान / याद में बनबाया I पत्थरों की क़ुतुब मीनार बनबाई I लक्ष्मी बाई ने अपनी जान की हिफाजत में पत्थरों का किला बनबाया I बड़ी बड़ी पत्थरों की बहुत सारे गुरूद्वारे और मस्जिद तथा जैन मंदिर बनवाये I केदार नाथ ,बद्री नाथ , पूरी के करोड़ों के मंदिर बनवाये I आधा हिंदुस्तान मठ मनदिर और आश्रमों से पत्ता पड़ा है. हजारों मूर्तियाँ . स्टेचू ,गाँधी और नेहरु के बने खड़े हैं I मगर कभी भी बहुजनो के उदहार करता का फोटो , मंदिर या स्टेचू/ मूर्तियाँ बनाने का काम किसी भी फर्जी राष्ट्र चिन्तक ने नहीं किया ? बहुजनो के मसीहा को जन चेतना लेन के वास्ते उनकी अगर मूर्तियाँ बनवा दीं I तो गरीबी और बेरोजगारी के बहाने इतना हंगामा बरपा दिया I मानो बहन मायावती ने कोई बहुत महान काम न करके . बहुत ही बड़ा अक्षम्य पाप कर दिया हो ?.अगर महान पुरुषों के नाम पर इतनी आपत्ति है तो पत्थरों की देश में जितनी भी मूर्तियाँ मंदिर मकबरे गुरूद्वारे और सारे तथा -कतिथ महान पुरुषों की जितनी भी मूर्तियाँ हैं उन सबको तुड़वाकर सर्कार और समाचार माध्यम अपनी आत्मा को शांत कर लें? और सभी लोगों के साथ न्याय भी हो जाये

Saturday, October 19, 2013


Tuesday, October 8, 2013

teri jai ho bhim..................


Monday, October 7, 2013


वोट हमारा राज उनका कब तक ???